कीटों के जहर ने किसानों की ली जान…..

0
30

दिल्ली। महाराष्ट्र के विदर्भ क्षेत्र के किसानों के लिए इस बार की दिवाली मानो क़यामत बन कर आ पड़ी। किटकनाशकों के जहर से तीस से भी अधिक किसानों को अपनी जान गवानी पड़ी। यवतमाल में कीटनाशकों से 21 किसानों की मौत हुई है, जबकि अकोला, नागपुर, भंडारा, अमरावती और बुलढाना जिलों से भी किसानों की मौत की खबरें आई हैं। रविवार के दिन इस घटना से प्रभावित किसानो को मुख्यमंत्री मिले।

 

गौरतलब है कि इस घटना में सभी किसानों के शरीर में कीटनाशकों का जहर इसकदर फैला कि करीब 800 किसानों में से 23 किसानों की आंखों की रोशनी जा चुकी है। सरकार की और से कीटनाशक कंपनियों के खिलाफ तुरंत कार्यवाही करने के आदेश दे दिए गए है। देखा जाये तो किसी भी किटकनाशक को बाजार में लाने से पहले सरकारी प्रयोगशालाओं में परीक्षण होना चहिये। राज्य कृषि अधिकारियों की ओर से किसानों को उनके सही इस्तेमाल की ट्रेनिंग मिलनी चाहिए।

 

इस घटना से विपक्षी नेताओं ने फडऩवीस सरकार की आलोचना की, लेकिन उन्हें पार्टी के भीतर से ही कहीं ज्यादा तीखी आलोचना का सामना करना पड़ रहा है। फडऩवीस, जिन्होंने अभी तक किसानों का कर्ज माफ करने का अपना वादा पूरा नहीं किया है, ने 3 अक्तूबर को मरने वाले किसानों के परिवारों को 2-2 लाख रु. की सहायता राशि और किसानों को छिड़काव के समय जहर से बचाने के लिए मास्कों के वितरण का भी आदेश दे दिया है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here